जंगल, जल और जमीन हमारी सबसे बड़ी धरोहर: जोबा माझी-
77वें वन महोत्सव में सांसद जोबा माझी व विधायक जगत माझी ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
Goilkera
गोइलकेरा: गोइलकेरा के प्लस टू हाई स्कूल परिसर में रविवार को कोल्हान वन प्रमंडल के तत्वावधान में 77वें वन महोत्सव का आयोजन उत्साह एवं पर्यावरण संरक्षण के संकल्प के साथ किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सिंहभूम की सांसद जोबा माझी एवं विशिष्ट अतिथि मनोहरपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक जगत माझी उपस्थित रहे। इनके अलावा कोल्हान वन प्रमंडल पदाधिकारी कुलदीप मीणा भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

कार्यक्रम की शुरुआत स्कूली छात्र-छात्राओं द्वारा पारंपरिक आदिवासी नृत्य एवं स्वागत गीत के साथ अतिथियों के भव्य स्वागत से हुई। इसके बाद सांसद, विधायक एवं अन्य अतिथियों ने विद्यालय परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाकर वन संरक्षण एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस दौरान लाभुक ग्रामीणों के बीच विभिन्न परिसंपत्तियों का वितरण भी किया गया। मुख्य अतिथि सांसद जोबा माझी ने कहा कि जंगल, जल और जमीन हमारी सबसे बड़ी धरोहर हैं। प्रकृति का संतुलन बनाए रखने के लिए वनों का संरक्षण बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि लगातार बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और घटते वन क्षेत्र के कारण पर्यावरण पर गंभीर संकट उत्पन्न हो रहा है। ऐसे समय में प्रत्येक नागरिक को पौधरोपण के साथ-साथ लगाए गए पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी भी निभानी होगी। उन्होंने लोगों से अपने घर, खेत, विद्यालय और सार्वजनिक स्थलों पर अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और हरित वातावरण तैयार करने का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि विधायक जगत माझी ने कहा कि वन केवल पेड़ों का समूह नहीं, बल्कि जीवन का आधार हैं। वन हमें स्वच्छ हवा, जल, औषधियां और जैव विविधता प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी योजनाओं से संभव नहीं है, बल्कि इसमें जनभागीदारी सबसे महत्वपूर्ण है। यदि प्रत्येक व्यक्ति वर्ष में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी सुरक्षा का संकल्प ले, तो पूरे क्षेत्र को हरा-भरा बनाया जा सकता है। उन्होंने ग्रामीणों और विद्यार्थियों से प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनने तथा वनों को आग, अवैध कटाई और अतिक्रमण से बचाने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। कोल्हान वन प्रमंडल पदाधिकारी कुलदीप मीणा ने वन महोत्सव के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस अभियान का मकसद लोगों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना और अधिक से अधिक पौधरोपण को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि पौधरोपण तभी सार्थक होगा जब उसकी नियमित देखभाल की जाए। कार्यक्रम में वन क्षेत्र पदाधिकारी रामनंदन राम ने स्वागत भाषण दिया, जबकि वनरक्षी शिव कुमार महतो ने कार्यक्रम का सफल संचालन किया। इस अवसर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी विवेक कुमार, प्रखंड प्रमुख निरूमणी कोड़ाह, जिला परिषद सदस्य ज्योति मेराल, शिव रतन नायक, झामुमो नेता अकबर खान, सेवानिवृत्त रेंजर परमानंद रजक, वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, शिक्षक, बड़ी संख्या में स्कूली छात्र-छात्राएं एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
