भारत के संविधान दिवस पर सरायकेला सिविल कोर्ट परिसर में संविधान की प्रस्तावना, मौलिक कर्तव्यों और संवैधानिक मूल्यों और प्रति निष्ठा की ली शपथ,
Seraikella
भारत के संविधान दिवस के अवसर पर Seraikella सिविल कोर्ट परिसर में एक गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम माननीय झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (JHALSA), रांची के निर्देशानुसार आयोजित हुआ, जिसमें संविधान की प्रस्तावना, मौलिक कर्तव्यों और संवैधानिक मूल्यों का वाचन किया गया तथा सभी उपस्थित जनों ने संविधान के प्रति निष्ठा की शपथ ली।

✨ कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएँ
श्री रामाशंकर सिंह, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), Seraikella ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की।
श्री बिरेश कुमार, प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय, Seraikella उपस्थित रहे।
श्री चौधरी अहसान मोइज़, जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश-I, Seraikella
श्री ब्रज किशोर पांडेय, जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश-II, Seraikella
श्री दीपक मलिक, जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश-III, Seraikella
श्रीमती लूसी सोसेन तिग्गा, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (CJM), Seraikella
श्रीमती अनामिका किस्कू, सिविल जज (वरिष्ठ विभाग)-सह-न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, Seraikella
श्री तौसीफ मेराज, सचिव, DLSA, Seraikella
श्री आशीष अग्रवाल, सहायक मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (SDJM), Seraikella
श्रीमती धृति धैर्य, अतिरिक्त सिविल जज (कनिष्ठ विभाग)-सह-न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, Seraikella
श्री ब्रजेश कुमार, लोक अभियोजक, Seraikella
👥 सहभागिता
सिविल कोर्ट, Seraikella के क्लास III और क्लास IV कर्मचारी भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
सभी ने मिलकर भारतीय संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन किया और संविधान के प्रति निष्ठा की शपथ ली।
📜 संदेश
इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि संविधान केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि भारत के लोकतांत्रिक जीवन का आधार है। मौलिक कर्तव्यों और संवैधानिक मूल्यों का पालन करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है।
