कुचाई के दुरूसाई सडक पर जलजमाव, कीचड
से आक्रोशित ग्रामीण परेशान, वर्षों से बदहाल सडक पर
आवागमन मुश्किल, प्रशासन से समाधान की मांग,
Kuchai
कुचाई प्रखंड अंतर्गत पोडाकाटा पंचायत के दुरूसाई गांव में सडक की बदहाल स्थिति से ग्रामीणों का जीवन प्रभावित हो गया है। सडक पर कीचड और जलजमाव की समस्या से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पडता है। आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है, दुर्घटनाएं बढती हैं, पैदल चलना दूभर हो जाता है और जलजमाव से मच्छर जनित बीमारियों का खतरा भी पैदा हो जाता है। गांव को मुख्य सडक से जोडने वाली पीसीसी सडक जर्जर हो चुकी है, जबकि गांव परिसर की सडक पूरी तरह कीचड और जलजमाव की चपेट में है। सडक के बीचों-बीच लगभग एक फीट तक पानी जमा रहने से आवागमन बेहद कठिन हो गया है। दुरूसाई को जोडने वाली यह सडक वर्षों से उपेक्षित है, जिसकी स्थिति बरसात शुरू होते ही और भी खराब हो गई है। ग्रामीणों के अनुसार हल्की बारिश होते ही सडक तालाब में तब्दील हो जाती है।

पानी निकासी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण सडक पर लंबे समय तक पानी जमा रहता है, जिससे सडक पूरी तरह कीचडमय हो गई है। हालात ऐसे हैं कि लोगों को सडक पार करने के लिए पैरों की चप्पल हाथ में लेकर कीचड से गुजरना पडता है। सडक की इस दुर्दशा का सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों, साइकिल सवारों और बाइक चालकों पर पड रहा है। रोजाना आवागमन करने वाले ग्रामीणों को फिसलने और दुर्घटना का खतरा बना रहता है। बरसात के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों ने बताया कि सडक की समस्या लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन अब तक इसके स्थायी समाधान के लिए कोई ठोस पहल नहीं की गई है। सडक पर बने जलजमाव और कीचड के कारण करीब 200 की आबादी वाले दुरूसाई गांव के लोग परेशान हैं। सडक की बदहाल स्थिति को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। नाराज ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द सडक निर्माण और जल निकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो आने वाले चुनाव में वोट मांगने आने वाले जनप्रतिनिधियों से जवाब मांगा जाएगा। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग से अविलंब सडक की मरम्मत, जल निकासी की व्यवस्था तथा स्थायी सडक निर्माण कराने की मांग की है, ताकि लोगों को आवागमन की समस्या से राहत मिल सके।
प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग
इस मार्ग से प्रतिदिन इस सड़क पर स्कूली बच्चे, किसान और मजदूर आवागमन करते हैं, जिन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड रहा है। कई लोग फिसलकर घायल भी हो चुके हैं। स्थानीय ग्रामीण बाबुराम महतो, गुजेश्वर महतो, सुमाली महतो, मनोज महतो सहित अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि उन्होंने कई बार स्थानीय जनप्रतिनिधियों और संबंधित अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया है। हालांकि, अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल सडक से जल निकासी की उचित व्यवस्था करने और सडक की मरम्मत कर उसे आवागमन योग्य बनाने की मांग की है।
