खरसावां विधायक प्रतिनिधि के भाई के अंतिम संस्कार
में शामिल हुए विधायक, समर्थकों के साथ दी श्रद्वाजंलि,
kharsawan
खरसावां विधानसभा क्षेत्र के विधायक दशरथ गागराई ने खरसावां प्रखंड के कृष्णापुर पंचायत के अंतर्गत उदुडिया गांव के निवासी सह खरसावां विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रतिनिधि अर्जुन गोप के भाई सह पारा शिक्षक प्रकाश गोप (53) के अंतिम संस्कार में शामिल हुए। उन्होंने प्रकाश गोप के असामयिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त कर उनके परिजनों को सांत्वना दिया। साथ ही अपने समर्थकों के साथ ही उन्हे श्रद्वाजंलि दी। ज्ञात हो कि खरसावां प्रखंड के कृष्णापुर पंचायत के अंतर्गत उदुडिया गांव के निवासी सह पारा शिक्षक प्रकाश गोप विगत एक साल से बीमार थे। उनका इलाज खरसावां, सरायकेला, जमशेदपुर सहित कई अस्पताल में चल रहा था। विगत सोमवार को दोपहर में उनका निधन हो गया। उनके निधन से उदुडिया गांव के साथ साथ शिक्षा विभाग में शोक की लहर है। इस दौरान मुख्य रूप से खरसावां विधायक दशरथ गागराई, जिला परिषद सदस्य काली चरण बानरा, अर्जुन गोप, मुखिया करम सिंह मुंडा, धमेन्द्र सिंह मुंडा, मुन्ना सोय, धानु मुखी, ललन तिवारी, तुलसी महतो, बबलु हेम्ब्रम समेत अन्य लोग उपस्थित थे।
March 10, 2026 7: 26 pm
Breaking
- सरायकेला में प्रखंड स्तरीय आयुष चिकित्सा शिविर का आयोजन, सैकड़ों लोगों ने उठाया लाभ,
- सरायकेला में नुक्कड़ नाटक कर जन-जन को आयुष अपनाने हेतु किया प्रेरित, क्रॉनिक बीमारियों को जड़ से मिटाने की जो शक्ति आयुर्वेद में है वह किसी अन्य चिकित्सा पद्धति में नहीं- डॉ पूनम कुमारी
- खरसावां में मां बसंती पूजा की तैयारी को लेकर बैठक, 23 मार्च से शुरू होगा चार दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान, विजया दशमी पर ब्राह्मण बच्चों के लिए होगा सामूहिक व्रत उपनयन संस्कार,
- झारखंड अधिविद्य परिषद (जैक) बोर्ड की नवीं कक्षा के हिंदी प्रश्न पत्र के लगभग 33 प्रतिशत प्रश्न आउट ऑफ सिलेबस
- खूंटपानी में कोल्हान रक्षा संघ का महासम्मेलन, हो भाषा को आठवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग, हक और अधिकारों की रक्षा के लिए सजगता जरूरी-डिंबार जोको,
- महिला दिवस पर नगर पंचायत अध्यक्ष ने विधायक सविता महतो से की शिष्टाचार मुलाकात
- खरसावां के आन्नदडीहु, जोजोडीह, दलाईकेला व कस्तृरबॉ में नुक्कड नाटक के तहत आयुष पद्धति अपनाने के लिए दिलाई शपथ, बताया आयुष पद्धति न केवल रोगों के उपचार में है सहायक,
- कुचाई के जिलिंगदा में सरहुल पर्व की तैयारी को लेकर बैठक, 21 मार्च को मनाया जायेगा सरहुल, सरहुल केवल एक पर्व नहीं बल्कि प्रकृति, संस्कृति और समाज के आपसी संबंधों का प्रतीक है
