बैद्यनाथधाम जा रही श्रद्धालुओं की कार को ट्रक ने मारी टक्कर, एक की मौत, तीन गंभीर घायल
Chandil
चांडिल (सरायकेला-खरसावां), बाबा बैद्यनाथधाम जा रहे श्रद्धालुओं से भरी एक कार मंगलवार सुबह दर्दनाक सड़क हादसे का शिकार हो गई। यह घटना सरायकेला-खरसावां जिले के नीमडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत एनएच-32 पर पितकी गांव के समीप हुई, जहाँ एक तेज रफ्तार ट्रक और श्रद्धालुओं की कार के बीच आमने-सामने की टक्कर हो गई।
घटना सुबह करीब 5 बजे की है। दुर्घटनाग्रस्त कार ह्युंडई मॉडल की थी और ट्रक आंध्रप्रदेश नंबर (AP16TF-3979) का था। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया। हादसे में कार चला रहे संजय मिहिर (उम्र 38 वर्ष) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार में सवार तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
घायलों में संजीव साहु (38), रोहित मिहिर (45) और राजीव महाकुड (44) शामिल हैं। सभी घायलों को पहले चांडिल अनुमंडलीय अस्पताल ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल, जमशेदपुर रेफर कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, रोहित मिहिर की स्थिति अत्यंत गंभीर बनी हुई है।
मृतक और घायलों का संबंध ओडिशा के बरगड़ जिले के बरबली थाना क्षेत्र से है। ये सभी बाबा बैद्यनाथधाम, देवघर के दर्शन के लिए निकले थे और चांडिल होते हुए अपने धार्मिक सफर पर थे।
पितकी रेलवे फाटक बना हादसों का कारण
घटनास्थल पितकी गांव के समीप स्थित रेलवे फाटक पहले से ही हादसों के लिए कुख्यात रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस स्थान पर अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे दुर्घटनाओं की संभावना बनी रहती है। यहाँ पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन अब तक कोई स्थायी यातायात प्रबंधन की व्यवस्था नहीं की गई है।
ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन पितकी फाटक पर यातायात पुलिस की स्थायी तैनाती करे ताकि हादसों को रोका जा सके और जाम से राहत मिल सके।
फिलहाल, पुलिस ने ट्रक को जब्त कर लिया है और घटना की जांच की जा रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, और परिजनों को सूचना दे दी गई है।
इस हादसे ने एक बार फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं कि धार्मिक यात्राओं पर निकले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर क्या पर्याप्त तैयारी होती है? और प्रशासन कब तक हादसे होने का इंतज़ार करता रहेगा?
