कुचाई के रायसिंदरी पहाड़ी पर अफीम की खेती
खिलाफ हुई विशेष ग्राम सभा, अफीम की खेती से दूर रहें और
वैकल्पिक वैध आजीविका के साधनों को अपनाएं-नरसिंह
kuchai
कुचाई में पुलिस ने अवैध अफीम की खेती के विरुद्ध ज़मीनी स्तर पर बड़ा जागरुकता अभियान चलाया। अफीम की अवैध खेती की संभावना को नगण्य करने हेतु चलाये जा रहे प्री कल्टीवेशन ड्राइव के तहत यह अभियान कुचाई के सुदूरवर्ती नक्सल पहाड़ी क्षेत्र रायसिंदरी में एक विशेष ग्राम सभा किया गया।

जिसमें कुचाई पुलिस टीम द्वारा बड़ी संख्या में ग्रामीणों को जागरूक किया गया। इस विशेष जागरुकता कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को अवैध अफीम की खेती के नुकसान और इसके कानूनी परिणामों के बारे में अवगत कराया गया। इस अवसर पर कुचाई थाना प्रभारी नरसिंह मुंडा ने ग्रामीणों को बताया गया कि अफीम की खेती न केवल सामाजिक और आर्थिक रूप से हानिकारक है, बल्कि यह एनडीपीएस एक्ट के तहत एक गंभीर अपराध भी है। जिसके लिए कठोर कारावास और जुर्माना का प्रावधान है। इस लिए ग्रामीण अवैध अफीम की खेती न करने एवं उसके जगह पर वैकल्पिक खेती के लिए प्रेरित किया गया। थाना प्रभारी ने ग्रामीणों से आग्रह किया कि वे अफीम की खेती से दूर रहें और वैकल्पिक वैध आजीविका के साधनों को अपनाएं। साथ ही उन्होंने स्थानीय लोगों से अपील किया कि वे अपने क्षेत्रों में अवैध खेती से संबंधित किसी भी जानकारी को तत्काल पुलिस के साथ साझा करें। पुलिस ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी। श्री मुंडा ने कहा कि कुचाई को अवैध अफीम से मुक्त बनाने के लिए पुलिस की कार्रवाई और जागरुकता अभियान लगातार जारी रहेंगे। इस दौरान ग्रामीणों ने अफीम की खेती नहीं करने की शपथ ली।
