भाजपा एसटी मोर्चा ने मनाई लाको बोदरा की 39 वॉ पुण्यतिथी, हो भाषा साहित्य के विकास का लिया संक्लप, ओत गुरू हो समाज के लिपि वारांग क्षिति के जनक है-लाल सिंह सोय
Kharsawan खरसावां विधानसभा स्तरीय भाजपा कार्यालय में भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के द्वारा रविवार को ओत गुरू लाकों बोदरा का 39 वॉ पुण्यतिथी मनाई गई। बारी-बारी से भाजपाईयों ने ओत गुरू लाकों बोदरा को श्रद्वाजंलि दी गई। वही हो भाषा साहित्य के विकास का संक्लप लिया गया। मौके पर भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष लाल सिंह सोय ने कहा कि ओत गुरू हो समाज के लिपि वारांग क्षिति के जनक है। उनका सारा जीवन आदिवासी समाज की सेवा के लिए समर्पित किया। उन्होने कहा कि भाषा-लिपि, धर्म-दस्तूर आदि की रक्षा में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया। खरसावां मुखिया सुनिता तापे ने कहा कि लाकों बोदरा का जन्म 19 सितम्बर 1919 को अंगाई पनाई के दिन खूंटपानी प्रखंड के पैसया ग्राम के एक किसान परिवार में हुआ था। बारग क्षिति लिपी का जनक कहे जाने वाले कोल लांको बोदरा ओत गुरू के रूप में पूरे कोल्हान में विख्यात हुए। भाषा और लिपि के प्रचार-प्रसार का दायित्व युवाओं पर है। उनके प्रयास से हो भाषा के वारंगक्षिती लिपि का विकास हुआ। श्री सोय ने कहा कि इन्होने ने गांव गांव जाकर लोगों को जागरूक किया। इस भाषा के लिपी निर्माण होने से आज कई स्कूल-कॉलेजों में इसका विधिवत पठन-पठान हो रही हैं। लाकों बोदरा की पुण्यतिथी में श्रद्वाजंलि देने वालों में मुख्य रूप से अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष लाल सिंह सोय, कान्डे सुम्वुरुई, होपना सीरेन, प्रशांत महतो, लादूराम हेंब्रम, ईश्वर चंद्र महतो, प्रदीप कुमार प्रधान, सामु बोदरा, शंकर प्रसाद सिंहदेव आदि उपस्थित थे।
March 7, 2026 8: 56 pm
Breaking
- सरायकेला नगर पंचायत के नव निर्वाचित अध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी ने टिउनिया गांव में आयोजित 108 कुंज नाम किर्तन का किया शुभारंभ,
- निर्बाध बिजली आपूर्ति को लेकर नगर पंचायत अध्यक्ष ने की विद्युत विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक,
- गृह रक्षक भर्ती: 17 मार्च से सरायकेला में शारीरिक व लिखित परीक्षा, अभ्यर्थियों को सुबह 5 बजे पहुंचने का निर्देश
- सिंहभूम सांसद श्रीमती जोबा मांझी द्वारा समाहरणालय परिसर से बाल विवाह के विरुद्ध जागरूकता रथ को दिखाई गई हरी झंडी, कहा– सामूहिक प्रयास से ही बदलाव संभव*
- अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर सरायकेला समाहरणालय में जिला स्तरीय कार्यक्रम, महिलाओं के सशक्तिकरण पर दिया गया जोर
- गम्हारिया के विभिन्न गांवो में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से आयुष पद्धति के प्रति ग्रामीणों को किया जागरूक, आयुष केवल रोगों का इलाज नहीं, बल्कि जीवन जीने की है एक स्वस्थ पद्धति
- पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा 8 मार्च को कुचाई और खरसावां दौरे पर, कई सामाजिक कार्यक्रमों में होंगे शामिल,
- उपायुक्त द्वारा प्रखंड राजनगर का औचक निरीक्षण, विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा कर दिए आवश्यक दिशा-निर्देश…*
