कुचाई के दलभंगा में मना बिरसा मुंडा की 150 वां जयंती,
पारंपरिक जुलूस के साथ पूजा-अर्चना कर मुंडा-मानकियो ने भगवान
बिरसा को किया नमन, पदक विजेताओं को किया सम्मानित
kuchai
कुचाई प्रखण्ड के दलभंगा स्थित बिरसा चौक में बकास्त मुंडारी खुटकट्टी रक्षा एवं विकास समिति 39 मौजा दलभंगा के तत्वाधान में सोमवार को पारंपरिक तरीके से भगवान बिरसा मुंडा की 150 वां जयंती मनाई गई। बकास्त मुंडारी खुटकट्टी रक्षा एवं विकास समिति के द्वारा आयोजित जंयती समारोंह में मुंडा-मानकियो ने पारंपरिक रीति रिवाज के तहत पारंपरिक जुलूस निकाला। साथ ही विधि विधान के तहत साल वृक्ष की पूजा अर्चना कर भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर नमन करते हुए श्रद्वाजंलि दी गई।

साथ ही 39 मौजा कमिटि के संस्थापन रहे स्वं महिपति सिंह मुंडा, स्वं धन सिंह मंुडा, स्वं भगवत सिंह मुंडा, स्वं नोयल नाग, स्वं सहदेव सिंह मुंडा, स्वं गोपाल सिंह मुडा एवं स्वं सीताराम सिंह मुंडा के चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्वाजंलि दी गई। इसके अलावे राज्य स्तरीय खेलों झारखंड प्रतियोगिता के हाईजंप में गोल्ड मेडल प्राप्त करने वाली कुचाई के रीता सरदार एवं डिस्कस थ्रो कांस्य पदक प्राप्त करने चाले कुचाई के खिलाडी विजय दास के परिवारों को सम्मानित किया गया। इस दौरान विभिन्न गांवो के कलाकारों के द्वारा पारंपरिक ढ़ग से सांस्कृतिक नृत्य की प्रस्तृती देकर ग्रामीणों की वाहवाही लूटा। वही फुटबॉल प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जा रहा है।

आदिवासी एक कम्युनिटी है, उसका अपना है करेक्टर-गागराई
भगवान बिरसा मुंडा को श्रद्वाजंलि देने के पहुचे खरसावां विद्यायक दशरथ गागराई ने कहा कि आदिवासी एक कम्युनिटी है। एक करेक्टर है। उसका रक्षा हमारा कर्तव्य है। उसकी भाषा-संस्कृति का विकास आवश्यक है। वे अपनी अस्मियता को बचाये रखने के लिए आदिवासियों में जागरूकता जरूरी है। छोटानागपुर कास्कारी अधिनियम भगवान बिरसा मुंड़ा के आन्दोलन की देन है। उनके आदर्शो को अपनाए तभी समाज का विकास होगा। जबकि बकास्त मुंडारी खुटकट्टी रक्षा एवं विकास समिति 39 मौजा दलभंगा के अध्यक्ष मान सिंह मुंडा ने कहा कि आदिवासियों के उनके अधिकार के विरूद जनजागरण अभियान चलाने वाले भगवान बिरसा मुंडा को नमन करते है। इस महापुरूष ने अपनी जान की आहुती देकर अलग झारखंड राज्य की नीभ रखी थी। वही विकास समिति के सचिव लखीराम मुंडा ने कहा कि बिरसा के आदर्श पर राज्य को आगे ले जाने का संघर्ष जारी रहेगा।
शहीदों के सपने को पुरा करना सच्ची श्रद्वाजंलि होगी-मीरा मुंडा
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा की पत्नी सह भाजपा नेत्री मीरा मुंडा ने कहा कि बलिदानों व शहीदों के खून से यह झारखण्ड बना है। उनका सपना पुरा करना सच्ची श्रद्वाजंलि होगी। उन्होने कहा कि बिरसा मुंडा झारखंड के लिए ही नही, बल्कि दुनिया के लिए इतिहास मे है।
इन्होने दी श्रद्वाजंलि
खरसावां विद्यायक दशरथ गागराई, भाजपा नेत्री मीरा मुंडा, प्रमुख गुडडी देवी, बीडीओ साधुचरण देवगम, विकास समिति के अध्यक्ष मान सिंह मुंडा, सचिव लखीराम मुंडा, मुखिया करम सिंह मुंडा, मुखिया रेखामनी उरावं, मुखिया मंगल सिंह मुंडा, पंसस वादमुनी मुंडा, पंसस सोनामनी मुंडा, उप मुखिया कौश्लया मुंडा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष राज बागची, छोटराय किस्कू, इद्रजीत सिंह मुंडा, बहादुर सिंह मुंडा, फाकु मुंडा, दिनेश चन्द्र मुंडा, सुशील सिंह मुंडा, सुकनाथ मुंडा, मोहलाल मुंडा, जोगेन्द्र पहान, विदावंन सिंह मुंडा, मधुसूदन मुंडा, इस्टिफन मुंडा, दशरथ उरावं, धमेन्द्र साडिल, धमेन्द्र सिंह मुंड़ा, मुन्ना सोय, भर सिंह मुंडा, लुबूराम सोय सहित मुंडा-मानकी व ग्रामीण शामिल थे।
