कुचाई में 150 वे जनजातीय गौरव वर्ष धरती आबा
जनभागीदारी अभियान का शुभारंभ, जनजातीय क्षेत्रों में अंतिम
व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है-गागराई
kuchai जनजातीय समुदायों के समग्र विकास और उनके सशक्तिकरण की दिशा में केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई नई योजना धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान का शुभारंभ शनिवार को कुचाई में हुआ। इस योजना के सफल क्रियान्वयन को लेकर कुचाई के कुचाई के बिरसा स्टेडियम में 150 वे जनजातीय गौरव वर्ष धरती आबा जनभागीदारी अभियान का शुभारंभ खरसावां विधायक दशरथ गागराई, जनजातीय कार्य मंत्रालय भारत सरकार के संयुक्त सचिव बृजनंदन प्रसाद व उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल, ट्राइफंड के शैलेन्द्र कुमार के द्वारा भगवान बिरसा मुंडा के चित्र पर माल्यार्पण कर, दीप प्रज्जलीप कर किया। ग्रामीणों ने पारंपरिक तरीके से अतिथियों का स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के द्वारा 22 स्टॉल लगाकर सरकार की योजनाओं का लाभ पहुचाया गया। साथ ही लाभूकों के बीच परिसंपतियों का वितरण किया गया। साथ ही गर्भवर्ती महिलाओं का गोद भराई व बच्चों का अन्नप्राशन कराते हुए पारंपरिक ढोल एवं नगाडा बजाकर धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान का शुभारंभ किया। मौके पर श्री गागराई ने कहा कि धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान का मुख्य उद्देश्य जनजातीय समुदायों का समग्र और सतत विकास करना है। इस अभियान का लक्ष्य सामाजिक बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा और आजीविका के क्षेत्रों में अंतराल को समाप्त करना और जनजातीय क्षेत्रों में अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होने कहा कि इस अभियान के माध्यम से सरायकेला-खरसावां जिले के जनजातीय ग्रामों को सामाजिक, आर्थिक एवं संरचनात्मक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा।

अभियान की सफलता में जनभागीदारी जरूरी- बृजनंदन प्रसाद
जनजातीय कार्य मंत्रालय भारत सरकार के संयुक्त सचिव बृजनंदन प्रसाद ने कहा कि धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान का मुख्य उद्देश्य जनजातीय (आदिवासी) ग्रामों में सभी सरकारी योजनाओं का समावेशी लाभ पहुंचाना है। जिससे इन गांवों में रहने वाले लोगों का सामाजिक-आर्थिक विकास हो सके। उन्होने कहा कि इस अभियान के अंतर्गत जनधन योजना, आयुष्मान भारत, उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, छात्रवृत्ति योजना, वनाधिकार अधिनियम, जल जीवन मिशन, पोषण अभियान समेत 40 से अधिक कल्याणकारी योजनाओं को लाभार्थियों तक पहुँचाने का लक्ष्य रखा गया है। इस अभियान की सफलता के लिए जनभागीदारी जरूरी है।

जनजातीय समुदाय की पहचान सुदृढ़ करना है-डीडीसी
जिला उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल ने कहा कि अभियान का मुख्य उद्देश्य जमीनी स्तर पर जनजातीय समुदाय की पहचान सुदृढ़ करना। उन्हें सरकारी योजनाओं से जोड़ना तथा विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजीएसे) को सशक्त बनाना है। उन्होंने बताया कि 15 जून से 30 जून 2025 तक जिले के सभी प्रखंडों के पंचायत स्तर पर विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे, जिनके माध्यम से आधार, राशन कार्ड, स्वास्थ्य, शिक्षा, बैंकिंग, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं, तथा कृषि-सम्बंधित सेवाओं से जुड़ी जानकारी एवं लाभ सीधे ग्रामीणों को प्रदान किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यह अभियान जनजातीय सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे पात्र लाभुकों तक योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित की जा सकेगी।

ये थे मौजूद
खरसावां विधायक दशरथ गागराई, जनजातीय कार्य मंत्रालय भारत सरकार के संयुक्त सचिव बृजनंदन प्रसाद, डीडीसी आशीष अग्रवाल, ट्राइफंड के शैलेन्द्र कुमार, जनजाति कार्य मंत्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली की कंसलटेंट सूची श्वेता, जिला कल्याण पदाधिकारी गोपी उरावं, प्रमुख गुडडी देवी, बीडीओ साधुचरण देवगम, सीओ सुषमा सोरेन, विधायक प्रतिनिधि भरत सिंह मुंडा, सुकराम सोय सहित मुखिया, ग्राम प्रधान, ग्राम मुंडा आदि मौजूद थे।
