वर्तमान फ़सलीय वर्ष में जिलांतर्गत अफीम की अवैध खेती की संभावना को नगण्य करने हेतु चलाया जाएगा प्री कल्टीवेशन ड्राइव,विभिन्न माध्यमों से किया जाएगा आमजन को जागरूक,
Seraikella kharsawan
सरायकेला-खरसावाँ पुलिस द्वारा वर्तमान फ़सलीय वर्ष में जिलांतर्गत अफीम की अवैध खेती की संभावना को नगण्य करने हेतु प्री कल्टीवेशन ड्राइव चलाया जा रहा है।इस अभियान के दौरान जिला पुलिस द्वारा विभिन्न माध्यमों से अफीम की अवैध खेती की रोकथाम तथा वैकल्पिक कृषि को बढ़ावा देने हेतु आमजन को जागरूक किया जाएगा ।

इस अभियान के तहत आज दि० – 11-09-25 को कुचाई थाना, दलभंगा ओपी अंतर्गत ग्राम सियाडीह, गिलुआ एवं रोलाहातु के लोगों एवं रोलाहातु स्कूल में विद्यार्थियों को,खरसावां थाना अंतर्गत साप्ताहिक बाजार, खरसावां में,
ईचागढ़ थाना अंतर्गत ग्रा० – टीकर में
तथा चौका थाना अंतर्गत ग्राम बलीडीह में अफीम की अवैध खेती एवं विक्रय निषेध संबंधित विषय पर जागरूकता अभियान चलाया गया।अभियान के दौरान संबंधित थाना प्रभारी के द्वारा उपस्थित ग्रामीणों को स्थानीय भाषा में अफीम के दुष्प्रभाव एवं संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। इसके साथ ही स्थानीय ग्रामीणों को अफीम के स्थान पर वैकल्पिक खेती करने हेतु प्रोत्साहित किया गया।

उल्लेखनीय है कि सराइकेला-खरसावाँ पुलिस द्वारा जिला में विगत फसलीय वर्ष-2024-25 में कुल 678.96 एकड़ क्षेत्र में अफीम की अवैध खेती का विनष्टीकरण किया गया था । जिला के कुचाई,खरसावाँ,कांड्रा,चौका और ईचागढ़ थाना क्षेत्र अफीम की अवैध खेती से प्रभावित है । अभियान के दौरान जिला पुलिस द्वारा इन प्रभावित गाँवों में जागरूकता पर विशेष बल दिया जाएगा ।
यह अभियान निरंतर जारी रहेगा ताकि ग्रामीणों के बीच वैकल्पिक खेती एवं पशुपालन तथा अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ को सुदृढ़ रूप उपयोगी किया जा सके तथा अफीम की अवैध खेती पर पूर्णतया अंकुश लगाया जा सके । इस अभियान को अधिक प्रभावी बनाने हेतु एक विस्तृत रूपरेखा तैयार की गई है जिसके तहत विभिन्न विभागों से समन्वय स्थापित करते हुये वृहत जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।

इस अभियान के महत्वपूर्ण विन्दु निम्नवत है :-
(i) सितम्बर माह के द्वितीय सप्ताह से ही संबंधित थाना प्रभारी,सी०ओ०/ बी०डी०ओ०, वन विभाग के कर्मी, कृषि विभाग के कर्मी एवं अन्य विभाग के प्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित कर प्रभावित पंचायतों में पंचायतवार जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
(ii) प्रत्येक सप्ताह पुलिस अधीक्षक / अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के स्तर से अफीम की अवैध खेती नहीं करने हेतु शपथ लेने तथा जागरूकता हेतु स्थानीय जनप्रतिनिधियों, मानकी-मुंडा, मुखिया, ग्राम प्रधान आदि के साथ नियमित वैठक।
(iii) NDPS अधिनियम के कानुनी प्रावधानों के विषय में जागरूक करने एवं धारा 47 के तहत नोटिस देने की कार्रवाईं।
(iv) स्थानीय विद्यालय एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों, सिविल सोसाईटी के माध्यम से जागरूकता अभियान व शपथ / संकल्प की कार्रवाई।
(v) फसलीय वर्ष 2024-25 में विनष्ट किये गये क्षेत्र (अक्षांश / देशान्तर सहित) का भौतिक सत्यापन करना ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि आगामी फसलीय वर्ष में अफीम की अवैध खेती के लिए उन क्षेत्रों में कोई तैयारी नहीं की जा रही है।
(vi) पिछले फसलीय वर्ष में अफीम की अवैध खेती का विनष्टीकरण के संदर्भ में प्रतिवेदित कांडों के लंबित रहने के कारण की समीक्षा करते हुए इस अवधि में वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी / कुर्की जप्ती/काण्डों का निष्पादन सुनिश्चित करते हुए विशेष अभियान चलाना ।
(vii)पूर्व से चिन्हित प्रभावित क्षेत्रों में जागरूकता अभियान संचालित करना एवं विधिक जानकारी प्रदान करना। इस बात का व्यापक प्रचार-प्रसार करना कि आगामी फसलीय वर्ष में अवैध अफीम की खेती किये जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
